सरोरा में रूम टू रीड के माध्यम से गर्ल्स एजुकेशन प्रोग्राम द्वारा अंधविश्वास को दूर करने के लिए नाटक प्ले किया गया।
तिल्दा नेवरा। ग्राम सरोरा में रूम टू रीड के माध्यम से गर्ल्स एजुकेशन प्रोग्राम द्वारा अंधविश्वास को दूर करने के आशा से ग्राम सरोरा नयापारा में एक नाटक शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला सरोरा के बच्चो द्वारा नाटक प्ले किया गया जिस नाटक में यह बताया गया की स्वास्थ्य संबंधी समस्या हो तो बैगा गुनिया के पास ना जाकर डॉक्टर के पास जाना चाहिए। बैगा गुनिया से इलाज नहीं होता। टोनही बैगा जैसा कुछ नहीं होता ।इनके चक्कर में बीमार व्यक्ति का जान जा सकता है और साथ ही रुपया भी बर्बाद होता है। इसलिए ज्ञान के लिए स्कूल जाना चाहिए ।स्कूल में शिक्षा पाकर अंधविश्वास से बचा जा सकता है। बीमारी सूक्ष्मजीव या दुर्घटना से हो सकता है इसमें टोनही जैसा कोई जीव नहीं होता।यह सब अंधविश्वास है इलाज है तो सिर्फ स्वास्थ्य कर्मचारी के पास। आज का युग विज्ञान का युग है आज बड़े-बड़े बीमारी का इलाज खोजा जा चुका है अभाव है तो सिर्फ जानकारी का। जानकारी या तो स्कूल में मिलेगा या स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी के पास। बच्चों के द्वारा बहुत ही सटीक शब्दों का उपयोग करते हुए भारी भीड़ ग्रामीणों के बीच बहुत ही अच्छा नाटक का अभिनय किया गया ।आज के इस कार्यक्रम में ग्राम सरोरा के सरपंच बिहारी लाल वर्मा एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला सरोरा के प्राचार्य अनिल वर्मा एवं व्याख्याता सत्यनारायण यादव
ग्राम के उपसरपंच राकेश ठाकुर पंच साहू जी बालिका शिक्षा कार्यक्रम के दीदी शीतल, बबीता एवं ग्राम स्वयं सहायता केंद्र के सदस्य एवं ग्राम सरोरा के गणमान्य नागरिक भारी संख्या में उपस्थित थे गर्ल्स एजुकेशन प्रोग्राम के इस कार्यक्रम को बहुत ही पसंद किया गया ।आखरी में अंधविश्वास को दूर करने के लिए सभी नागरिक एवं स्कूली बच्चे शपथ लिए और कार्यक्रम में जो उपस्थित नहीं थे उनको भी इस जन जागरण कार्यक्रम के बारे में बताने की बात कही। गांव में जगह जगह चर्चा है की इस तरह के कार्यक्रम से ही अंधविश्वास के प्रति जागरूकता आएगी।